लालू प्रसाद यादव की परेशानियां बढ़ी: गृह मंत्रालय ने CBI को दी केस चलाने की मंजूरी, तेजप्रताप को किया गया तलब
राजद प्रमुख और पूर्व मुख्यमंत्री लालू प्रसाद यादव की मुश्किलें बढ़ गई हैं। गृह मंत्रालय ने केंद्रीय जांच ब्यूरो (CBI) को उनके खिलाफ केस चलाने की मंजूरी दे दी है। यह कदम कई पुराने मामलों की जांच से संबंधित है, जिनमें भ्रष्टाचार और धोखाधड़ी के आरोप शामिल हैं।
CBI की जांच:
गृह मंत्रालय की मंजूरी के बाद, CBI अब लालू प्रसाद यादव के खिलाफ साक्ष्यों को एकत्रित कर सकती है और आवश्यक कार्रवाई कर सकती है। यह मामला यादव परिवार के खिलाफ चल रही जांच का एक हिस्सा है, जिसमें उनके बेटे तेजप्रताप यादव को भी तलब किया गया है।
तेजप्रताप यादव का तलब:
पहली बार तेजप्रताप यादव को CBI के सामने पेश होने के लिए कहा गया है। उन्हें इस मामले में गवाह के रूप में बुलाया गया है। तेजप्रताप ने इसे राजनीतिक प्रतिशोध का हिस्सा बताया है और कहा है कि वह सच बोलने के लिए तैयार हैं।
राजनीतिक प्रतिक्रिया:
लालू यादव ने इस कार्रवाई को भाजपा सरकार की साजिश बताया है। उन्होंने कहा कि यह कदम उनके परिवार को निशाना बनाने के लिए उठाया गया है। वहीं, राजद ने अपने समर्थकों से एकजुट रहने की अपील की है।
आगे की स्थिति:
इस मामले की जांच और तेजप्रताप का बयान महत्वपूर्ण होगा। CBI की कार्रवाई पर सभी की नजरें टिकी हुई हैं, और इससे बिहार की राजनीति में हलचल मचने की संभावना है।


Your comment is awaiting moderation.
My brother recommended I might like this blog. He was totally right. This post actually made my day. You can not imagine simply how much time I had spent for this information! Thanks!